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Change Your City
 

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पहले गुड न्यूज  समय केसाथ जीवन और उसके रंग बदलते रहते हैं ...नहीं बदलती तो होली के रंगों की वो रुमानियत, उमंग और खूबसूरत अहसास... जो जीवन के खालिसपन को बाहर लाता है। साल के बाकी दिन हम नाम, जाित, धर्म, पेशे, हैसियत, दूरी-नजदीकी, क्षेत्र और समाज की जंजीरों में उलझे रहते हैं। हमें पता भी नहीं होता कि हम एक-दूसरे से दूर हैं तो क्यों? जैसे ही होली आती है, अपने आप, जाने किस ताकत के रहते ये जंजीरें टूट जाती हैं। हमारे भीतर और बाहर के रंग एक जैसे हो जाते हैं। सच्चे समाजवाद की तरह हम सबका एक ही रंग हो जाता है...और यही है होली भास्कर भी एेसे ही सच्चे समाजवाद का पक्षधर है...  आज हम सबका एक ही रंग  एक दिन का सच्चा समाजवाद... होली  बिश्नोई के बेटे को मारने की धमकी, 10 करोड़ मांगे  सरकार की कोिशश बेकार, इंग्लैंड में डॉक्यूमेंट्री िदखाई  नगालैंड में भीड़ रेपिस्ट को जेल से खींच लाई और पीट-पीटकर मार डाला  स्टूडेंट्स काे मिलेगी आंसरशीट, ताकि पता लग सके कमी  कहां सिंगापुर की स्वच्छता, कहां ‘स्वच्छ भारत  जेबीटी शिक्षक भर्ती घोटाले में हरियाणा के पूर्व सीएम चौटाला की सजा बरकरार  रेलवे मिलाएगा लापता बच्चों को परिवार से  क्यों जरूरी है यही नहीं,   सभी डॉक्यूमेंट्री दिखाना?  सुरक्षित भविष्य शुरुआत आज
 
 
 
 
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