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कूड़े के भी दिन बदलते हैं, बेटा तू हारना मत !   एफटीआईआई का वह प्ले है यादगार   गौरव ने बताया कि उन्हें कॅरियर का पहला ब्रेक कैसे मिला। वे कहते हैं - “एफटीआईआई में हमारी फैकल्टीज़ भी उन दिनों ऐसे एक्टर्स होते थे जो पूरी दुनिया में अपने काम के लिए जाने जाते हैं। कई हस्तियां कॉलेज विज़िट भी करती थीं। एक दफा केतन मेहता आए। एक प्ले हुआ। उसमें उन्हें मेरा काम अच्छा लगा और उन्होंने मुझे रंगरसिया में के रोल ऑफर किया। वहीं से हुई मेरी शुरुआत। मांझी द माउंटेन मैन भी उन्हीं की फिल्म है इसलिए उन्होंने इसमें भी मुझे दिया।  एक्सचेंज प्रोग्राम में 4 देशों की यात्रा करेंगे स्टूडेंट्स   प्रैक्टिस मेक्स मैन बेटर...   n जीवन में थोड़ा भय भी जरूरी है। थोड़ा सा डर आपको सतर्क बनाता है।   n यह विचार गलत है कि मोटिवेशन के बाद परफार्मेंस आता है। आप मोटिवेट तब होंगे जब परफार्म करेंगे।   n प्रैक्टिस मेक्स मैन परफेक्ट... नहीं... करेक्ट है प्रैक्टिस मेक्स मैन बेटर। ध्यान रहे कि परफेक्शन का गुमान आपकी निरंतरता रोक देगा।   n मोबाइल को तो दिन में कई बार चार्ज करते हैं लेकिन खुद को नकारात्मक और सनसनीख़ेज़ खबरों से डिस्चार्ज कर डालते हैं।   n पुखराज, माणिक जैसे रत्न नहीं, आपके विचार आपका भविष्य तय करते हैं। खुद पर भरोस रखें। पत्थरों पर नहीं।  पं. विजय शंकर
 
 
 
 
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